दमोह पुलिस ने गुम हुए मोबाइल फोन की रिकवरी में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस अधीक्षक श्रुतकीर्ति सोमवंशी के नेतृत्व और साइबर सेल की विशेष पहल से विगत दो महीनों में अलग अलग स्थानों 251 गुम मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक आवेदकों को लौटाए गए। इन मोबाइल की अनुमानित कीमत करीब 60 लाख रुपए बताई गई है।
पुलिस विभाग के अनुसार वर्ष 2025 में अब तक कुल 540 गुम मोबाइल फोन रिकवर किए जा चुके हैं, जिनकी कुल अनुमानित कीमत लगभग 1 करोड़ 8 लाख रुपए है। नए वर्ष की शुरुआत में अपने खोए मोबाइल वापस पाकर आवेदकों के चेहरे पर खुशी और संतोष साफ नजर आया।
यह उल्लेखनीय उपलब्धि सीईआईआर (CEIR) पोर्टल के माध्यम से चलाए गए विशेष अभियान के तहत प्राप्त हुई है। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर साइबर सेल दमोह एवं जिले के सभी थानों में गुम मोबाइल से संबंधित शिकायतों पर त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए विशेष अभियान चलाया गया।
अभियान के तहत पुलिस टीमों ने उत्तर प्रदेश, हरियाणा सहित मध्य प्रदेश के कई जिलों से गुम मोबाइल फोन ट्रेस कर सफलतापूर्वक बरामद किए। इसके साथ ही सीईआईआर पोर्टल के अधिकतम उपयोग और लोगों को जागरूक करने पर भी विशेष जोर दिया गया।
जबलपुर नाका स्थित पुलिस कंट्रोल रूम में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में एसपी श्रुतकीर्ति सोमवंशी ने इस सफलता का खुलासा करते हुए सभी आवेदकों को उनके मोबाइल फोन सुपुर्द किए। इस दौरान लोगों ने दमोह पुलिस का आभार व्यक्त किया।
सराहनीय योगदान, सायबर सेल टीम होगी पुरस्कृत
इस अभियान में साइबर सेल दमोह की टीम—टीआई नेहा गोस्वामी, प्रधान आरक्षक सौरभ टंडन, राकेश अठिया, नितिन, मयंक दुबे, रोहित राजपूत, अभिषेक कोष्टी, मनोहर कुर्मी सहित जिले के समस्त थानों के अधिकारियों व कर्मचारियों का योगदान सराहनीय रहा। जिन्हें पुरस्कृत किया जाएगा। इस अवसर पर डीएसपी सौरभ त्रिपाठी एवं कोतवाली टी आई मनीष कुमार मौजूद रहे।
मोबाइल चोर सक्रिय गिरोह में चढ़े हत्थे
पुलिस अधीक्षक ने बताया अलग अलग स्थानों पर हुई मोबाइल चोरी की घटनाओं को देखते हुए यह बात सामने आई है। कई मोबाइल चोर गिरोह काम कर रहे है। जिन तक पहुंचने में सफलता प्राप्त हुई है। ऐसे आगे भी अलग अलग जिले व प्रदेशों में कई मोबाइल ट्रेस किए जा रहे है। जो जिले में गुम हुए थे। उन तक पहुंचने के लिए भी साइबर सेल की टीम लगातार प्रयासरत है।
सावधानियां बरतने एसपी सोमवंशी की अपील
मामले में उन्होंने बताया कि कई बार लोग अपने जेब में मोबाइल फोन रखकर भूल जाते है। और भीड़भाड़ भरे क्षेत्रों में ध्यान न दिए जाने पर स्नैचर्स इन मोबाइल को बड़े ही आसानी से जेब से निकल लेते है। इसलिए सावधानी पूर्वक अपने आगे के जेबों में ही मोबाइल रखें और मोबाइल का ध्यान जरूर रखें ताकि इस तरह की घटनाओं को रोक जा सके।









