दमोह जिले में शीतलहर और कड़ाके की ठंड को देखते हुए कलेक्टर दमोह द्वारा जारी स्पष्ट आदेश की अवहेलना का मामला नरसिंहगढ़ से सामने आया है। यहां स्थित DAV स्कूल प्रबंधन ने प्रशासनिक निर्देशों को नजर अंदाज करते हुए 5 और 6 जनवरी 2026 को कक्षा यूकेजी से आठवीं तक घोषित अवकाश के बावजूद कक्षा 1 से 8 तक की नियमित कक्षाएं संचालित कीं।
पिछले दो दिनों से क्षेत्र में भीषण ठंड, शीतलहर और घना कोहरा छाया हुआ है। ऐसे हालात में छोटे-छोटे बच्चों को सुबह-सुबह स्कूल बुलाए जाने से विद्यार्थियों को भारी परेशानी उठानी पड़ी। कई बच्चों के हाथ-पैर ठंड से सुन्न हो गए, वहीं कुछ बच्चों को सर्दी, खांसी और बुखार की शिकायत भी सामने आई है।
अभिभावकों का कहना है कि जिला प्रशासन ने बच्चों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए अवकाश घोषित किया था, ताकि ठंड से उन्हें सुरक्षित रखा जा सके। इसके बावजूद स्कूल प्रबंधन द्वारा आदेश की अनदेखी करना बेहद गैर-जिम्मेदाराना है। पालकों ने आशंका जताई कि इतनी ठंड में बच्चों को स्कूल बुलाना उनके स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन सकता है।
स्थानीय नागरिकों और अभिभावकों में इस पूरे मामले को लेकर गहरा रोष है। लोगों का सवाल है कि जब कलेक्टर के आदेश सभी शासकीय व निजी स्कूलों पर समान रूप से लागू थे, तो DAV स्कूल प्रबंधन ने मनमानी क्यों की। वहीं, शिक्षा विभाग की भूमिका पर भी सवाल उठने लगे हैं।
अब सभी की निगाहें जिला प्रशासन पर टिकी हैं कि कलेक्टर के आदेश की अवहेलना करने वाले स्कूल प्रबंधन के खिलाफ क्या कार्रवाई की जाती है। अभिभावकों ने प्रशासन से मांग की है कि ऐसे स्कूलों पर सख्त कार्रवाई हो, ताकि भविष्य में बच्चों की सुरक्षा के साथ कोई खिलवाड़ न कर सके।
अवकाश होने के बावजूद ही जब इस संबंध में स्कूल प्रबंधन के प्राचार्य से संपर्क किया तो वह छुट्टी पर है प्रभारी मनीष दीक्षित ने बताया कि उन्हें कलेक्टर महोदय एवं शिक्षा विभाग से शासकीय अवकाश का लिखित आदेश प्राप्त नहीं हुआ है, जिसके कारण कक्षाएं संचालित हो रही हैं।









