दमोह शहर में शनिवार को कोतवाली थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक बेहद चिंताजनक और सनसनीखेज घटना सामने आई, जब सरदार वल्लभभाई पटेल स्कूल की कक्षा 9वीं में पढ़ने वाली तीन नाबालिग छात्राएं संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गईं। घटना सामने आते ही परिजनों के साथ-साथ पुलिस महकमे में भी हड़कंप मच गया और देर रात तक तलाश अभियान जारी रहा।
शनिवार सुबह स्कूल प्रबंधन ने देखा कि तीनों छात्राएं उपस्थिति के समय कक्षा में मौजूद नहीं थीं। शिक्षकों ने परिजनों से संपर्क किया। एक छात्रा का भाई स्कूल पहुंचा और आसपास खोजबीन की, लेकिन तत्काल कोई जानकारी नहीं मिली। इसी तरह अन्य दो छात्राओं के परिजन भी दिनभर सोचते रहे कि बच्चियां स्वयं घर लौट आएंगी। लेकिन जब शनिवार देर शाम तक भी तीनों बच्चियां घर नहीं पहुंचीं, तब परिजनों ने कोतवाली थाना में पहुंचकर FIR दर्ज कराई।
प्राथमिक जांच में पुलिस को पता चला कि तीनों छात्राएं स्कूल न जाकर पहले एक छात्रा के घर पहुंचीं और वहां अपने स्कूल बैग रखकर कहीं रवाना हो गईं। लापता छात्राओं में एक समन्ना रैयतवारी (न्यू दमोह) और दो धरमपुरा क्षेत्र निवासी हैं। उसके बाद से तीनों का मोबाइल लोकेशन और गतिविधियों का कोई पता नहीं चल सका।
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक श्रुतकीर्ति सोमवंशी ने तुरंत शहरभर में सर्च ऑपरेशन के निर्देश दिए। CSP एच.आर. पांडे, कोतवाली TI मनीष कुमार, चौकी प्रभारी रोहित पाठक और पुलिस टीमों ने पूरी रात बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, होटल-लॉज, सुनसान क्षेत्रों और शहर के विभिन्न इलाकों में खोजबीन की। बावजूद इसके रातभर की तलाश में कोई भी सुराग हाथ नहीं लगा।
पुलिस अब CCTV फुटेज खंगाल रही है। आशंका है कि छात्राएं ट्रेन से शहर के बाहर निकल गई हों, जिसके चलते रेलवे पुलिस और GRP को भी अलर्ट किया गया है।
उधर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। महिलाओं की स्थिति बेहद खराब बताई जा रही है और परिवारों ने पुलिस से बच्चियों को जल्द खोजने की अपील की है। पुलिस का कहना है कि स्पेशल टीम लगातार काम कर रही है और किसी भी संभावित सुराग पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी।









